5 जनवरी से मिलेंगे गणतंत्र दिवस परेड-2026 के टिकट: कीमत ₹20 से ₹100; पहली बार दो कूबड़ वाले ऊंट समेत कई जानवर कर्तव्य पथ पर चलेंगे

गणतंत्र दिवस परेड 2026 के लिए टिकट बिक्री शुरू, पहली बार कई जानवर कर्तव्य पथ पर चलेंगे।

बस्तियों से लेकर युवाओं तक गणतंत्र दिवस परेड में हिस्सा लेने के इच्छुक लोगों को रक्षा मंत्रालय ने रविवार को कर्तव्य पथ पर 26 जनवरी को होने वाली परेड के टिकटों की बिक्री का ऐलान कर दिया है।

गणतंत्र दिवस परेड, 28 जनवरी को बीटिंग रिटरीट फुल ड्रेस रिहर्सल और 29 जनवरी को बीटिंग रिटरीट समारोह होगा।

बिक्री 14 जनवरी तक जारी रहेगी। टिकट रोज सुबह 9 बजे से तब तक खरीदे जा सकते हैं जब तक आवंटित कोटा खत्म नहीं हो जाता। टिकटों की कीमत 20 से 100 रुपए है।

बीटिंग रिट्रीट की फुल ड्रेस रिहर्सल के लिए टिकट 20 रुपये में जबकि बीटिंग रिट्रीट समारोह के लिए टिकटों की कीमत 100 रुपए है।

टिकट aamantran.mod.gov.in के जरिए खरीदे जा सकते हैं।
 
🤔 इस वर्ष गणतंत्र दिवस परेड में बहुत सारे लोग हिस्सा लेना चाहेंगे, लेकिन उन्हें पहली बार कई जानवर भी कर्तव्य पथ पर चलने का अवसर मिलेगा। यह बहुत रोचक है, क्या हमें लगता है कि ये जानवर कैसे तैयार होंगे और उनको सुरक्षित रखने के लिए क्या योजनाएं बनाई गई हैं? 🐕
 
मैंने गणतंत्र दिवस परेड में बीच में जानवरों को भी कर्तव्य पथ पर चलने की दृश्य सोचा... यह तो बहुत रोमांचक लगेगा। मुझे याद है जब मैं बच्चा था, तो गणतंत्र दिवस परेड में सिर्फ सैनिक और जवान ही भाग लेते थे। अब जानवरों को भी शामिल करना बहुत अच्छा कदम है, मुझे लगता है।
 
अरे, दोस्तो! 🤔 मुझे लगता है कि गणतंत्र दिवस परेड में जाने के लिए टिकट बेचना एक अच्छा विचार है। लेकिन, मुझे थोड़ा आश्चर्य हुआ कि इस वर्ष कई जानवर कर्तव्य पथ पर चलेंगे। तो फिर से यह सवाल उठता है कि कैसे ये जानवर सुरक्षित रूप से चलेंगे? 🐕🤷‍♂️

कई लोगों ने कहा है कि गणतंत्र दिवस परेड में हिस्सा लेने के लिए टिकट खरीदना एक अच्छा तरीका नहीं है। खैर, तो ये तो व्यक्तिगत पसंद ही होगी। मुझे लगता है कि गणतंत्र दिवस परेड बहुत ही रोमांचक होने वाला है।
 
भारतीय सेना की परेड में बंदूक उठाने वाले जवानों को देखने का ख्याल है तो 26 जनवरी की दिन की पूरी तैयारी कर ले। लेकिन, याद रखें, भारतीय सेना के जवान हमेशा अपनी जान देने के लिए तैयार रहते हैं।

इस गणतंत्र दिवस परेड में कई जानवर भी इसमें हिस्सा लेंगे, जैसे कुत्ते और घोड़े। यह बहुत रोचक होगा, लेकिन साथ-साथ हमें उनकी देखभाल करनी भी होगी।

परेड के टिकट बेचने की प्रक्रिया तेजी से हो रही है, लेकिन अभी भी कई लोग इसके लिए तैयार नहीं हैं। व्यक्तिगत तौर पर मैं 20 रुपये में एक टिकट खरीदने की कोशिश नहीं करूंगा, लेकिन देशभक्ति और सम्मान की भावना से मुझे इसमें हिस्सा लेने की इच्छा है।
 
बेटा, ये गणतंत्र दिवस परेड बहुत ही रोमांचक लगेगा। मैं पहले से टिकट खरीदने का फैसला करूंगा, लेकिन क्या यह परेड वास्तव में जीवन को और भी जीवंत बनाएगा? या फिर यह सिर्फ एक औपचारिक समारोह होगा जिसमें हम अपनी राष्ट्रीय प्रतिज्ञा करते हैं?

मुझे लगता है कि इसमें शामिल लोगों की मेहनत को देखना और उनके संघर्षों को महसूस करना बहुत ही प्रेरणादायक होगा। लेकिन क्या हम वास्तव में अपनी राष्ट्रीय पहचान को दिखाते हैं या फिर सिर्फ एक औपचारिक दिखावट? यह सवाल मुझे बहुत परेशान करता है, लेकिन मैं इस बारे में थोड़ा और विचार करना चाहूंगा।

कुल मिलाकर, मैं गणतंत्र दिवस परेड के लिए टिकट खरीदने जाऊंगा, लेकिन मुझे लगता है कि इसकी महत्ता और प्रभाव को समझने के लिए थोड़ा और समय लगेगा। 🎉
 
🎉 ये बिल्कुल मजेदार है देश के खिलाड़ियों को गणतंत्र दिवस परेड में भाग लेने की संभावना देने का, खासकर जानवरों को, कर्तव्य पथ पर चलने की और सबके हाथों मिलाकर ये परेड बहुत ही रोमांचक लगेगी। टिकट बिक्री शुरू करना सरकार के द्वारा एक अच्छा फैसला है, जिससे हम सभी अपने प्यारे भारतीय खिलाड़ियों और उनके परिवारों को सुरक्षित रूप से अपने खेलों में लगने के लिए सक्षम कर सकें।
 
🌟 26 जनवरी की गणतंत्र दिवस परेड में जाने के लिए टिकट बेचने से पहले, मुझे लगता है कि यह एक अच्छा मौका है। लेकिन, सोचते समय कुछ चिंताएं भी आती हैं। युवाओं को लेकर विचार करना चाहिए कि क्या हमें उन्हें प्रदर्शन के लिए मजबूर करना चाहिए या नहीं। और गणतंत्र दिवस परेड में जाने के इच्छुक लोगों की संख्या भी बढ़ सकती है, इससे पहले कि टिकट बेचना शुरू करें।

मुझे लगता है कि सरकार ने यह अच्छा निर्णय लिया है। जानवरों को भी इसमें शामिल करना एक अच्छा विचार है, इससे हम संदेश देने में सफल होंगे। परेड के लिए टिकट बेचने से पहले, इन सभी बातों पर ध्यान रखना चाहिए ताकि यह समारोह सफल और यादगार बन सके।
 
मुझे लगता है कि सरकार ने यह सोचा है कि अगर पैरेड में कई जानवर भी हिस्सा लेंगे, तो यह आकर्षक होगा। लेकिन, मैं नहीं समझता कि इतने जानवरों को एक जगह पर रखने में संभव है? और फिर क्या हमारे देश की परेड में खेती करने वाले मजदूर भी आने चाहिए, या शिक्षक? यह बहुत ही लंबी पैरेड बन जाएगी। और 20 से 100 रुपये तक की टिकटों की बिक्री... मुझे लगता है कि इसके पीछे बड़े बजट की जरूरत नहीं है, हमारी सरकार को लोगों को खर्च करने पर जोर देने की जरूरत नहीं है।
 
बड़ा त्यौहार आ रहा है! मुझे लगता है कि इस गणतंत्र दिवस परेड 2026 में कई नई चीजें शामिल होंगी... सबसे खास बात यह कि जानवर भी कर्तव्य पथ पर चलेंगे 🐕👥! मुझे लगता है कि इससे बहुत सारे लोग खुश होंगे, खासकर बच्चे। बस्तियों से लेकर युवाओं तक सब अपने जानवरों को भी ले जाएंगे... यह तो एकदम बेस्ट आइडिया है! 😂🎉
 
मैंने देखा है कि गणतंत्र दिवस परेड में जानवर भी हिस्सा लेंगे, यह बहुत रोचक है। मुझे लगता है कि ये वाकई में एक अच्छा विचार है, ताकि सभी नागरिकों को सुरक्षित और सम्मानजनक तरीके से भाग लेने का मौका मिले।
 
बिल्कुल तो यह बहुत अच्छी बात है! 🙌 मुझे भी गणतंत्र दिवस परेड में शामिल होने की इच्छा है, लेकिन चिंता है कि टिकट जल्दी से खरीद लेंगे। पहली बार जानवर कर्तव्य पथ पर चलने की बात बहुत रोचक है। मुझे लगता है कि युवाओं और बच्चों को भी इस मौके का फायदा उठाना चाहिए। बीटिंग रिटरिट की फुल ड्रेस रिहर्सल और समारोह दोनों के लिए अलग-अलग टिकट मिलेंगे, तो ये अच्छी तरह से व्यवस्थित होगा।
 
मुझे लगता है कि ये बात अच्छी है, लेकिन इतनी जल्दी टिकट बेचना क्यों? 14 जनवरी तक ही बिक्री जारी रहेगी, ऐसे में बहुत से लोग पहले से ही पैसे इकट्ठा कर लेंगे। और यह भी सवाल उठता है कि इतने सिर्फ 20-100 रुपये में टिकट बेचने से परेड की गुणवत्ता क्या बनेगी, शायद इसीलिए रक्षा मंत्रालय ने इस बार पहली बार जानवरों को भी शामिल करने का फैसला किया।
 
मुझे यह सुनकर बहुत खुशी हुई कि इस वर्ष गणतंत्र दिवस परेड में कई जानवर कर्तव्य पथ पर भी चलेंगे। लेकिन उम्मीद है कि इन जानवरों को अच्छी तरह से तैयार किया गया होगा और उनकी देखभाल भी अच्छी की जाएगी।

मुझे लगता है कि टिकट बिक्री शुरू करने से पहले सरकार ने इस परेड में लोगों को कितनी जगह मिलेगी, इसका पता नहीं चल पाया क्या? और अगर टिकट की कीमत 20 से 100 रुपए है तो यह कितने दूरस्थ लोगों के लिए संभव है?
 
Back
Top