6 सीएम, 16 मंत्री, 200 सांसद हफ्तों बिहार में रहे: बीजेपी ज्यादातर चुनाव हारती क्यों नहीं; 8 फैक्टर्स ने इलेक्शन मशीन में बदला

बिहार में नडा की 14 नवंबर को हुई प्रचंड जीत पर प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, "हम गंगा नदी से बहते हुए भी बंगाल तक पहुंच सकते हैं। पश्चिम बंगाल के लोगों को आश्वस्त करता हूं कि हम वहां से भी जंगलराज को उखाड़ फेंगे।"

नडा सरकार ने 200 सांसदों और 16 मंत्रियों के साथ बिहार में हफ्तों रहकर अपनी सफलता का साबित किया। इसके बावजूद, राज्य में भाजपा ने हालात बिगड़ाने वाली प्रमुख पार्टी होकर दिखाई नहीं।

पार्टी नेताओं ने बताया, "हमारी जीत पर बहुत गौरव महसूस किया गया। हमें अपने मतदाताओं के प्रति श्रेय देना चाहिए।"

इसके विपरीत, भाजपा नेताओं ने कहा, "हमारी जीत मुख्य रूप से बिहार में हुई और हमने कुछ बदलाव लाए हैं। कांग्रेस और तृणमूल कांग्रेस पर हमने चुनौती दी।"

पढ़ाईशीर्ण मतदाताओं ने कहा, "हमारी जीत का श्रेय शिक्षा प्रणाली और आर्थिक विकास पर मिला।"
 
मैं समझ नहीं पाया कि ये नडा सरकार कौन है? 🤔 मुझे लगता है कि ये किसी नई पार्टी का नाम हो सकता है, लेकिन मेरे बिल्कुल भी पता नहीं है। और क्या ये प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी जी की सरकार है? मैंने उसकी फोटो देखी है और वह बहुत ही सुंदर लगते हैं। लेकिन मुझे लगता है कि बंगाल में बहुत बड़ा भीड़भाव होगा अगर हम गंगा नदी से बंगाल तक पहुंचते हैं... यह तो बहुत ही अजीब लगता है।
 
बिहार की ये जीत बहुत ही राहत देने वाली है, हमें सिर्फ गंगा नदी तक पहुंचने के बारे में नहीं सोचाना चाहिए, हमें पूरे देश में भ्रष्टाचार को दूर करने का संदेश देना चाहिए 🌟

लेकिन, यह भी सच है कि नड़ा सरकार को अपने लक्ष्यों को पूरा करने के लिए बहुत मेहनत करनी पड़ी होगी, और उनकी जीत को बिहार के लोगों द्वारा पसंद किया गया है, तभी हमें पता चलेगा कि वे सचमुच लोगों के लिए क्या कर सकते हैं 🤔
 
बिहार में नडा सरकार की 14 नवंबर को हुई प्रचंड जीत 🤩, यह तो बहुत अच्छी बात है! लेकिन मुझे लगता है कि भाजपा नेताओं का दावा कुछ सच नहीं है - वे बस अपनी खुद की सफलता का जश्न मनाने आये हैं 🎉। सरकार की वास्तविक सफलता को देखने के लिए, हमें उनके नीतियों और कामों पर ध्यान देना होगा #नडासरकार।

और यह बात भी सच है - नडा सरकार ने अपने वोट से पूरे राज्य को जीता है, न कि केवल कुछ हिस्सों में 🗳️। इसके अलावा, शिक्षा और आर्थिक विकास पर उनकी सफलता को देखने के लिए, हमें उनके सामाजिक समर्थन और जीवनशैली पर भी ध्यान देना होगा #शिक्षाऔरविकास।

कुल मिलाकर, नडा सरकार की जीत एक अच्छा संदेश है - हमें अपने मतदाताओं को महत्व देना चाहिए और उनकी जरूरतों को समझना चाहिए 👍
 
नडा सरकार की ये जीत बिहार में तो हुई, लेकिन देशभर में उनकी सफलता देखने की उत्सुकता का एहसास नहीं हो रहा 🤔। यह जीत प्रमुख रूप से बिहार में हुई है और भाजपा की इस तरह से हालात खराब करने वाली पार्टी के रूप में दिखाई गई है।

पश्चिम बंगाल की चुनाव जीत पर नरेंद्र मोदी के यह बयान जरूर विचारसंकर है, लेकिन अगर उनका दावा सच है तो क्या हम गंगा नदी से बंगाल तक पहुंच सकते हैं? 🌊 यह तो एक बड़ा सवाल है।

और तृणमूल कांग्रेस और कांग्रेस पर भाजपा ने चुनौती देने की इस कोशिश का लाभ उठाकर अपनी जीत का जश्न मनाया है। यह अच्छा विचार था, लेकिन मुझे लगता है कि शिक्षा प्रणाली और आर्थिक विकास पर ध्यान देने से नडा सरकार को सफलता मिली होगी।
 
मुझे लगता है कि बिहार में नडा की जीत से कुछ बड़ा बदलाव आ सकता है। उनकी सरकार ने दिखाया है कि शासन को भ्रष्टाचार से मुक्त कराना तो आसान है, लेकिन रोजमर्रा की समस्याओं का समाधान करना बिल्कुल नहीं। पढ़ाईशीर्ण मतदाताओं ने शिक्षा और आर्थिक विकास का जोर दिया, लेकिन मुझे लगता है कि यह भी सुधारों की जरूरत है। मैं उम्मीद करता हूं कि सरकार को युवाओं और ग्रामीण इलाकों की समस्याओं पर ध्यान देना होगा।
 
मैंने पहले कभी भी बिहार की चुनावों को नहीं देखा था, लेकिन यह तो बहुत रोचक है कि नड़ा सरकार ने 14 नवंबर को इतनी जीत हासिल की। मुझे लगता है कि उनकी सफलता की कुंजी शायद सामाजिक न्याय और आर्थिक विकास में बदलाव है। मैंने हाल ही में, अपने दोस्त की बहन को पैरेंटल लेवेल लेटेस्ट न्यूज़ एक्टर्स 2025 की फिल्म देखा थी, वह तो बहुत अच्छी लगी।
 
बिहार में नडा सरकार की 14 नवंबर को हुई प्रचंड जीत के बाद, मुझे लगता है कि लोगों की चिंताएं और समस्याओं से बचने के लिए भाजपा के पक्ष में वोट डालने लगे थे। लेकिन इस मौके पर नडा सरकार ने अपनी मजबूत प्रतिभा और समर्थन दिखाकर सफलता हासिल कर ली। 🤩

अब यह सवाल उठता है कि क्या भाजपा ने अपने वोट बैंक को बदलने के लिए योजना बनाई थी? और क्या नडा सरकार ने अपने समर्थन प्रदान करने से राजनीतिक गेम खेल रहे थे। तो देखना होगा कि आगे क्या होता है। 🤔
 
बिहार में एनडीए की जीत को देखकर मैं सोचता हूँ कि अगर गंगा नदी भारत के हर एक कोने तक पहुँच सकती है तो फिर बिहार वालों को भी वहां तक पहुँचना चाहिए! 😂 लेकिन सही में, एनडीए ने अपने मतदाताओं के प्रति बहुत प्यार दिखाया है और उन्हें सफलता की इस सुर्खियों में शामिल कर लिया है।

और भाजपा नेताओं को यह तो अच्छी बात है कि वे अपनी जीत पर गर्व महसूस कर रहे हैं और खुद को उनके मतदाताओं से संबंधित बता रहे हैं। लेकिन मुझे लगता है कि उन्हें अपने पार्टी के भीतर भी थोड़ा सुधार करने की जरूरत है, जैसे कि उनकी छवि पर कुछ और ध्यान देना और उन मतदाताओं को भी शामिल करना जिन्हें वे पहले नज़रअंदाज़ कर रहे थे।
 
[Image: एक फोटो डालकर, लोगों की मुस्कान दिखाते हुए, साथ ही एक चित्र डालकर जहां लोग बैठकर पढ़ाई कर रहे हैं ]

[चित्र]
 
बिहार में नडा सरकार की बड़ी जीत हुई 🤩, लेकिन भाजपा को अच्छी तरह से तैयारी करनी चाहिए 😬। प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने बंगाल तक पहुंचने का दावा किया, लेकिन सच्चाई यह है कि जीत पर गौरव महसूस हो रहा है, लेकिन हमें अपने मतदाताओं के प्रति श्रेय देना चाहिए, न कि जीत-हार में खेलना 🤝
 
नडा सरकार की 14 नवंबर को हुई बहुत बड़ी जीत पर तो सब खुश, लेकिन यह सवाल उठता है कि भाजपा कैसे इतनी कमजोर रही। प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने बंगाल तक पहुंचने की बात कही, लेकिन अभी तक वहां पर भी उनकी सरकार को अच्छा समर्थन नहीं मिल पाया। इसके अलावा, लोगों को लगता है कि शिक्षा प्रणाली और आर्थिक विकास पर ध्यान देने से भी बहुत कुछ सीखने को मिलता है।
 
आज तो बिहार की जीत पर सबकुछ चर्चा में है 🤔। मुझे लगता है कि यहाँ किसी एक पक्ष को दूसरे के लिए नहीं बल्कि अपने स्वयं के सामर्थ्य को पहचानने का समय आ गया है। नडा सरकार की जीत पर मोदीजी की बातें सुनकर अच्छी लगती हैं 🙏, विशेष रूप से जब वह गंगा नदी से बंगाल तक पहुंच सकते हुए बोल रहे हैं। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि पश्चिम बंगाल के लोगों को डराने-धमकाने की जरूरत है। शायद हमें अपने आप में मजबूत और सामाजिक समर्थन वाली पार्टी बनने की जरूरत है 🤝

इस जीत का श्रेय शायद हमारी मतदाताओं की भागीदारी और उनकी उम्मीदों को पूरा करने की हमारी कोशिश पर होगा। लेकिन मुझे लगता है कि यहाँ हमें अपनी सरकार की गुणवत्ता पर ध्यान देने की जरूरत है, न कि बस वोटों की संख्या पर 📊
 
मैं तो सोचता हूँ कि 14 नवंबर की जीत कितनी बड़ी थी, लेकिन इसके पीछे क्या सच्चाई है? क्या वाकई बिहार में नडा सरकार ने इतनी अच्छी शिक्षा प्रणाली बनाई और आर्थिक विकास दिखाया? मुझे लगता है कि यह जीत कुछ भी नहीं थी, बस एक झलकी है। हमें इसे गांठ नहीं लगानी चाहिए।

मैंने इस बात पर खास ध्यान देने की जरूरत है, कि कैसे नडा सरकार को इतनी जीत मिली। क्या इसके पीछे कुछ बड़ा खेल था? और यह जीत किस सामाजिक वर्ग के लोगों की हुई? हमें इन सवालों पर ध्यान देना चाहिए, न कि बस तो एक झलकी में डूबना।

मैंने कोई भी सरकार की जीत को कम नहीं स्वीकार किया, लेकिन इसके पीछे कुछ वास्तविकताएं होनी चाहिए। हमें इन वास्तविकताओं पर ध्यान देना चाहिए, ताकि हम वोट में बोलते समय सही निर्णय लें।
 
भारत में बदलाव लाने का समय आ गया है, हमें अपने राजनेताओं से उम्मीद नहीं करनी चाहिए, बल्कि उन्हें नौकरी करना चाहिए। भाजपा ने बिहार में 14 नवंबर को हुई जीत पर बोला, "हमने कहां बदलाव लाए?" हमारी सरकार में छात्रों की आवाज़ सुनने का समय आ गया है, उनकी शिक्षा प्रणाली में सुधार करने का समय।
 
अपने देश की स्वतंत्रता के बाद भी हम अभी भी अपने शिक्षा प्रणाली को समझने में असफल रहे हैं 🤔
 
बिहार में नडा सरकार को 14 नवंबर को बहुत बड़ी जीत मिली, लेकिन देखिये तो पश्चिम बंगाल में भी गंगा नदी से नहीं ले जा पाई। यह तो अच्छी बात नहीं है कि प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि हम वहां से भी जंगलराज को उखाड़ फेंगे, लेकिन देखिये क्या होता है। यह तो एक बड़ा दावा है जो सच नहीं हो पाया।
 
मैं बिहार में नडा सरकार की 14 नवंबर को हुई जीत से बहुत खुश हूँ 🤩। मेरा भाई विश्वनाथ चेत्टी ने लोकसभा में बहुत अच्छा प्रदर्शन किया और हमें उम्मीदें हैं कि वह आगे भी अच्छा करेगा।

लेकिन मुझे लगता है कि यह जीत हमारी सरकार की दूरदर्शिता पर साबित होगी। अगर हम अपने मतदाताओं को आर्थिक अवसर प्रदान नहीं करते, तो वे निश्चित रूप से हमें चुनाव में दूसरी बार नहीं चुनेंगे।

मेरी पत्नी ने भी कहा है कि यह जीत हमारी सरकार की शिक्षा नीति पर भी अच्छा प्रभाव डालेगी। अगर हम शिक्षा को व्यापक बनाते हैं, तो लोगों को हमें अपने मतदान में सक्रिय बनाने में मदद मिलेगी।

मुझे लगता है कि यह जीत हमारी सरकार के लिए एक बड़ा चैंपियन होगा।
 
मुझे लगता है कि नडा सरकार की 14 नवंबर को हुई जीत की बात अच्छी नहीं हो सकती है। भले ही उनका समय बिहार में बहुत कम था, लेकिन इतने सांसदों और मंत्रियों को एक जगह रखकर देखना अजीब लग रहा है। यह हमारे पोलिटिक्स को कुछ अजीब बना रहा है 🤔

और क्या इस बात पर विचार किया जा सकता है कि नडा सरकार ने बिहार में अपनी सफलता साबित करने के लिए इतना प्रयास किया, क्योंकि उनकी सरकार अभी तक भारत में सत्ता में नहीं बैठी है? यह हमारे देश को कुछ अजीब दिशाओं में ले जा रहा है 🚨
 
मुझे लगता है कि एनडीए की जीत बहुत अच्छी है, लेकिन हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि बिहार में कई छोटे से शहरों में भाजपा ने बहुत अच्छा प्रदर्शन किया। मैं समझता हूँ कि एनडीए ने अपनी जीत पर बहुत गर्व महसूस किया, लेकिन हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि विपक्षी दलों ने भी बहुत अच्छा प्रदर्शन किया।
 
Back
Top