अगर आपकी सैलरी को 10 दिनों में खर्च कर दिया जाता है, तो इसके पीछे कारण यह है कि लोग अपनी इनकम की योजना नहीं बनाते। यहां 50-30-20 रूल के साथ सेविंग्स और निवेश की बातें हैं।
50-30-20 रूल में आपको अपनी सैलरी को तीन हिस्सों में बांटना होता है-
हर महीने जब आप अपनी सैलरी प्राप्त करते हैं, तो सबसे पहले उसमें 50% खर्च करना होता है। यानी यह वह किराया, EMI, बच्चों की फीस, राशन, बिजली-पानी और ट्रांसपोर्ट का खर्च है।
इसके बाद 30% खर्च करना होता है, जैसे कि आपको अपने घर में आराम से रहने के लिए कुछ पैसे चाहिए, या आपकी दोस्तों के साथ घूमना-फिरने के लिए कुछ पैसे होने चाहिए।
और शेष 20% को आप अपने भविष्य को सुरक्षित करने के लिए बचत के रूप में रख सकते हैं।
50-30-20 रूल में आपको अपनी सैलरी को तीन हिस्सों में बांटना होता है-
हर महीने जब आप अपनी सैलरी प्राप्त करते हैं, तो सबसे पहले उसमें 50% खर्च करना होता है। यानी यह वह किराया, EMI, बच्चों की फीस, राशन, बिजली-पानी और ट्रांसपोर्ट का खर्च है।
इसके बाद 30% खर्च करना होता है, जैसे कि आपको अपने घर में आराम से रहने के लिए कुछ पैसे चाहिए, या आपकी दोस्तों के साथ घूमना-फिरने के लिए कुछ पैसे होने चाहिए।
और शेष 20% को आप अपने भविष्य को सुरक्षित करने के लिए बचत के रूप में रख सकते हैं।