बात बांग्लादेश में हो रहा है तो मुझे लगता है कि सरकार अवामी लीग को पनाह देने की कोशिश कर रही है, फिर भी चुनाव अच्छे-खराब होंगे। मैं सोचता हूँ कि अगर सरकार उन्हें पनाह नहीं देती तो अच्छा, खासकर जब बात चुनाव की हो। लेकिन अगर सरकार उन्हें पनाह दे रही है तो भी अच्छा, फिर कुछ अच्छा नहीं होगा। मैं सोचता हूँ कि चुनाव का परिणाम जो निकलेगा वो कुछ अच्छा और कुछ बुरा ही होगा।
मुझे लगता है कि अगर अवामी लीग के नेता देश के नागरिकों के सामने अपने विचार रखने की जगह पनाह मांगते रहें तो अच्छा, फिर भी उन्हें अपने विचार देने का मौका मिलेगा। लेकिन अगर सरकार उन्हें पनाह देती है तो जैसे ही वे अपने विचार रखने की जगह पनाह मांगते हैं उनके खिलाफ मुकदमा चलाया जाएगा।
मुझे लगता है कि चुनाव का परिणाम देश के नागरिकों के लिए बहुत महत्वपूर्ण है, तो सरकार को सिर्फ और सिर्फ उन्हें अपने हित में रखना नहीं चाहिए।