मायावती की नई रणनीति: 18 मंडलों में नाइट कैंपिंग, अखिलेश पर निशाना और DM पर प्लान
कांशीराम स्मारक में शक्ति प्रदर्शन करते हुए दिखने वाली भीड़ में लाखों के करीब लोग मौजूद थे। ये वो भीड़ है जो अपने साथ रोटियां बांधकर लाई है, न कि खाना-पीना करने के लिए। इस तरह की कमिटेड जनता नहीं होती।
मायावती ने यूपी में बसपा की रैली की, जिसमें 9 अक्टूबर को लखनऊ में और 19 नवंबर को दिल्ली में बैठकें कीं। यह तो बसपा की नई रणनीति है, जिसके सिरे पर सुप्रीमो शक्तिशाली बहन शामिल हैं।
मायावती ने इस बार 18 मंडलों में नाइट कैंपिंग की योजना बनाई है। इससे पहले उन्होंने 2012 और 2017 में नाइट कैंपिंग नहीं की। तब वो साइकिल से गांव-गांव तक घूमती थीं।
अखिलेश पर निशाना : मायावती की रणनीति मुख्य रूप से अखिलेश यादव पर है। यूपी में 2027 में विधानसभा चुनाव होने वाला है और इस बार मायावती और ओवैसी एक साथ होंगे। दोनों को बैठने की तैयारी है।
मायावती ने 6 दिसंबर को नोएडा में विशाल रैली करेगी। इस रैली में अपने खोए वोटरों से संवाद करने और उन्हें साथ लाने की प्रयास होगा।
कांशीराम स्मारक में शक्ति प्रदर्शन करते हुए दिखने वाली भीड़ में लाखों के करीब लोग मौजूद थे। ये वो भीड़ है जो अपने साथ रोटियां बांधकर लाई है, न कि खाना-पीना करने के लिए। इस तरह की कमिटेड जनता नहीं होती।
मायावती ने यूपी में बसपा की रैली की, जिसमें 9 अक्टूबर को लखनऊ में और 19 नवंबर को दिल्ली में बैठकें कीं। यह तो बसपा की नई रणनीति है, जिसके सिरे पर सुप्रीमो शक्तिशाली बहन शामिल हैं।
मायावती ने इस बार 18 मंडलों में नाइट कैंपिंग की योजना बनाई है। इससे पहले उन्होंने 2012 और 2017 में नाइट कैंपिंग नहीं की। तब वो साइकिल से गांव-गांव तक घूमती थीं।
अखिलेश पर निशाना : मायावती की रणनीति मुख्य रूप से अखिलेश यादव पर है। यूपी में 2027 में विधानसभा चुनाव होने वाला है और इस बार मायावती और ओवैसी एक साथ होंगे। दोनों को बैठने की तैयारी है।
मायावती ने 6 दिसंबर को नोएडा में विशाल रैली करेगी। इस रैली में अपने खोए वोटरों से संवाद करने और उन्हें साथ लाने की प्रयास होगा।