‘मेरी कुछ समस्याएं हैं…’, नाराजगी पर थरूर का एक और बड़ा बयान, अब सामने आई मतभेद की असली वजह!

शाशी थरूर का नया बयान! उन्होंने पार्टी नेतृत्व से मतभेद की अटकलों पर दो टूक कहा, 'जब भारत की सुरक्षा, संप्रभुता और वैश्विक प्रतिष्ठा दांव पर हो, तो हम पहले आते हैं।'

शाशी थरूर ने यह बयान एक मीडिया सम्मेलन के बाद दिया। उन्होंने कहा, 'जवाहरलाल नेहरू के कथनों से जुड़ी बातें करते हुए कहा कि राष्ट्रीय हित सर्वोपरि हैं, भले ही राजनीतिक दलों के बीच मतभेद क्यों न हो।'

थरूर ने यह बयान दिया जब समीक्षात्मक मीडिया सम्मेलन की तैयारी हो रही थी। उन्होंने कहा, 'हमारी पार्टी के नेताओं के बीच मतभेद होना सामान्य बात है। लेकिन जब भारत की सुरक्षा, संप्रभुता और वैश्विक प्रतिष्ठा दांव पर होती है, तो हमें एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए।'

शाशी थरूर ने यह बयान दिया जब उनकी पार्टी के अन्य नेताओं के बीच मतभेद की अटकलें उड़ रही थीं। उन्होंने कहा, 'हमारी पार्टी में नेतृत्व संबंधी चुनाव होने पर हमें एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए।'
 
शाशी थरूर का यह बयान मुझे बहुत प्रेरित करता है 🌟 मैंने देखा है कि हमारे देश में कई लोग ऐसे हैं जो अपने राष्ट्रीय हितों के लिए लड़ते हैं, और शाशी थरूर का यह बयान उन्हीं लोगों के लिए एक प्रेरणादायक संदेश है। 🙌
 
शाशी थरूर का बयान देखने लायक है! वे कहते हैं कि जब भारत की सुरक्षा, संप्रभुता और वैश्विक प्रतिष्ठा दांव पर हो, तो हम पहले आते हैं। यह बहुत ही सीधा और ईमानदार बयान है। मुझे लगता है कि थरूर जी ने अपनी पार्टी के नेताओं के बीच मतभेदों पर बात करते समय बहुत सावधानी बरती हुई है। उनका यह बयान हमें सोचने पर मजबूर कर रहा है कि हम अपने देश के राष्ट्रीय हितों की रक्षा कैसे करेंगे। 😊
 
क्या थरूर जी का नया बयान उनके पार्टी में मतभेद को दूर करने की कोशिश कर रहा है? मुझे लगता है कि उन्होंने सही तरीके से कहा है, जब भारत की सुरक्षा, संप्रभुता और वैश्विक प्रतिष्ठा पर दांव पर हो, तो हमें एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए। लेकिन मुझे लगता है कि उन्होंने थोड़ा भी न सोचा है, क्या उनकी पार्टी में नेतृत्व संबंधी चुनाव होने पर वास्तव में एकजुटता बनाए रखना आसान है? 🤔
 
ਹाँ, ਮुझे लगता है कि शाशी थरूर द्वारा दिया गया बयान बहुत ही महत्वपूर्ण है। उनकी बात सुनकर मुझे एहसास होता है कि वे अपनी पार्टी को मजबूत बनाने और भारत की सुरक्षा, संप्रभुता और वैश्विक प्रतिष्ठा की रक्षा करने पर ध्यान देना चाहते हैं। उनकी बात में एकजुटता और सामूहिकता की जरूरत है ताकि हम अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा कर सकें। 🤝
 
शाशी थरूर को मैं बहुत प्यार करता हूँ! उनके बयान से मुझे लगता है कि वे सच्चे नेता हैं। जब भारत की सुरक्षा, संप्रभुता और वैश्विक प्रतिष्ठा दांव पर होती है, तो हमें एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए। मुझे लगता है कि शाशी थरूर ने सही बात कही है। उनकी पार्ती में मतभेद की अटकलें तो हमेशा होती रहती हैं, लेकिन जब सुरक्षा और संप्रभुता पर दांव लगता है, तो हमें एकजुट होकर लड़ना चाहिए। 🙌🇮🇳
 
शाशी थरूर का बयान सुनकर तो मुझे लगता है कि वे सच्चे नेता हैं। जब भारत की सुरक्षा, संप्रभुता और वैश्विक प्रतिष्ठा दांव पर होती है, तो हमें एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए। लेकिन यह भी सच है कि पार्टी नेतृत्व संबंधी मतभेद की अटकलें हमेशा तेज़ रहती हैं। 🤔

मुझे लगता है कि शाशी थरूर ने सही कहा है, हमें अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करने के लिए एकजुट होना चाहिए। लेकिन यह भी महत्वपूर्ण है कि हम अपने मतभेदों को हलके-फुल्के रखें और देश के हित में काम करें। 🇮🇳
 
मैंने इस बयान को पढ़ा और मुझे लगता है कि शाशी थरूर ने बिल्कुल सही कहा है 🤔

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भारत की सुरक्षा, संप्रभुता और वैश्विक प्रतिष्ठा दांव पर होने पर हमें एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए। यही हमारा कर्तव्य है 🌎

मुझे लगता है कि शाशी थरूर ने जवाहरलाल नेहरू के कथनों से जुड़ी बातें करते हुए एक अच्छा बयान दिया है। उनकी बात सुनकर लगता है कि हमें अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करने के लिए एकजुट होकर काम करना चाहिए।

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हमारी पार्टी में नेतृत्व संबंधी चुनाव होने पर हमें एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए। यही हमारा मुख्य लक्ष्य है। 🏆
 
अरे, यह बयान तो बहुत ही जिम्मेदार लग रहा है! शाशी थरूर ने बिल्कुल सही कहा है, जब हमारे देश की सुरक्षा, संप्रभुता और वैश्विक प्रतिष्ठा पर सवाल उठते हैं, तो हमें एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए। मुझे लगता है कि यह बयान उनकी नेतृत्व क्षमता और राजनीतिक समझ को दिखाता है। लेकिन, फिर भी, हमें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि हमारे पार्टी के अन्य नेताओं के मतभेदों को खत्म कर दिया जाए। 🤝
 
शाशी थरूर का बयान बहुत ही दिलचस्प है! वह तो सच में अपने नेतृत्व संबंधी मतभेद की बात कर रहे हैं लेकिन फिर भी एकजुटता का संदेश दे रहे हैं। यह सच में हमारे राजनीतिक व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए जरूरी है 🤝। अगर हमारे नेताओं में एकजुटता होती तो हम अपने देश के लिए बहुत सारे अच्छे परिवर्तन कर सकते थे।
 
नमूद है कि शाशी थरूर के बयान ने लोगों में विभाजन की भावना जगाई है। यहाँ सुरक्षा, संप्रभुता और वैश्विक प्रतिष्ठा दांव पर पड़ने पर एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करने की बात कही गई है, तो फिर भी हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि हमारे देश में कई तरह की सोच और विचार हैं । लेकिन शायद एक बात तय करनी चाहिए, कि हमारे नेताओं को अपने मतभेदों पर खुलकर बोलना चाहिए, ताकि वे पार्टी के अंदर से ही समस्या का समाधान कर सकें।

कोई भी ऐसा बयान नहीं दिया, जिससे लोगों को डरा या परेशानी हो। यह एक स्वस्थ राजनीति की आवश्यकता है । हमें एकजुट होकर अपने देश की सुरक्षा और वैश्विक प्रतिष्ठा के बारे में बात करनी चाहिए, न कि अलग-अलग दृष्टिकोणों पर। 🤝
 
मुझे यह बयान ज्यादा पसंद आया! शाशी थरूर जी तो सही कह रहे हैं... जब भारत की सुरक्षा और देश की हितों पर दांव पेड़ा होता है तो हमें एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए। मुझे लगता है कि शाशी थरूर जी हमारे देश के लिए सच्चे नेता हैं... 🙌 उनकी बात सुनकर मेरी आत्मा खुशी से भर जाती है!
 
मुझे लगता है कि शाशी थरूर का बयान कोई बड़ा दांव नहीं है, वैसे तो हमारे नेताओं में अक्सर मतभेद होते रहते हैं... लेकिन जब भारत की सुरक्षा और संप्रभुता पर दांव होता है... मुझे लगता है कि यह एक अच्छा बयान हो सकता है। तो अब ये सवाल है कि शाशी थरूर अपने बयान से सुप्रीम कोर्ट पहुंचेगा ना? 🤔

मैंने अभी देखा है कि मेरे स्कूल के पास एक नई जुआखेल गेमिंग स्थिति खोली गई है, और मुझे लगता है कि यह बहुत फसीन लग रहा है। मैं 10वीं कक्षा में हूँ, और मैं इसके बारे में जानना चाहता हूँ... क्या कोई बता सकता है? 🎲
 
बड़े बोले शाशी थरूर 🗣️! वो कह रहे हैं कि जब देश की सुरक्षा और संप्रभुता पर सवाल उठते हैं, तो हमें एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए। 🇮🇳💪 यह तो सच कह सकते हैं! 😊 पार्टी में मतभेद भी होते हैं, लेकिन देश की समस्याओं पर सोचने के लिए हमें एकजुट रहना चाहिए। 🤝🌎
 
मैंने शाशी थरूर के नये बयान को देखा, और मुझे लगता है कि वे खुद से ही पूछ रहे हैं कि अगर भारत की सुरक्षा और संप्रभुता पर दांव डाला जाए, तो कौन आता है। लेकिन यह सवाल बहुत आसान नहीं है, खासकर जब वैश्विक प्रतिष्ठा पर दांव डालने की बात आती है 🤔

मुझे लगता है कि शाशी थरूर ने सही कहा, हमें अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए, लेकिन यह एकजुटता से कही ज्यादा महत्वपूर्ण है। क्योंकि जब मतभेद होते हैं, तो यह जैसे ही दांव पर होता है, तो हमें अपने रास्ते में न जाने देना चाहिए।

मुझे लगता है कि शाशी थरूर के बयान से यह संदेश निकल रहा है कि हमें अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करने के लिए एकजुटता बनाए रखनी चाहिए, और खुद को मतभेदों में फंसने से बचना चाहिए।
 
बहुत बुरी तरह से जाना चाहते हैं शाशी थरूर को देश की सुरक्षा और वैश्विक प्रतिष्ठा के बारे में उनके बयान से। मुझे लगता है कि उन्होंने बहुत समझदारी से अपने बयान दिया। जब भारत की सुरक्षा, संप्रभुता और वैश्विक प्रतिष्ठा पर सवाल उठती है, तो हमें एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए। मैं उनके बयान से सहमत हूं, लेकिन यह भी ध्यान रखना ज़रूरी है कि पार्टी नेतृत्व संबंधी चुनाव में मतभेद होना सामान्य बात है। हमें अपने व्यक्तिगत मतभेदों को भूलकर एकजुट होकर देश के हित में काम करना चाहिए। 😊
 
शाशी थरूर का बयान तो बहुत गंभीर लग रहा है! 🤔 देश की सुरक्षा और वैश्विक प्रतिष्ठा पर इतने बड़े मुद्दों को लेकर, लगता है कि उन्हें अपने राजनीतिक नेतृत्व पर भी एक दृष्टिकोण तैयार करना चाहिए। 🤝
 
बिल्कुल सोच रहा था कि शाशी थरूर ने जो बयान दिया है उसका मतलब क्या है? लगता है कि वह हमारे राष्ट्रीय हितों की रक्षा करने के लिए एकजुट होने की बात कर रहे हैं 🤔। मेरी राय में यह बयान थरूर की पार्टी के नेतृत्व संबंधी चुनाव के समय दिया गया है। अगर सचमुच ऐसा है तो हमें एकजुट होकर अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करनी चाहिए, भले ही मतभेद क्यों न हो। 🇮🇳

शाशी थरूर जी के बयान से मुझे उम्मीद है कि हमारी पार्टी में नेतृत्व संबंधी चुनाव को एकजुटता और समन्वय से लड़ने का मौका मिलेगा। अगर ऐसा होगा तो हम अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करने के लिए एकजुट होकर जीत पाएंगे। 🏆
 
शाशी थरूर के बयान से मुझे बिल्कुल भी फिरका नहीं हुआ! उन्होंने हमेशा देश को सबसे पहले रखने पर जोर दिया, और अब भी ऐसा ही कह रहे हैं। अगर हमारी पार्टी में मतभेद होते हैं तो भी, हमें एकजुट होकर देश की सुरक्षा और संप्रभुता के लिए लड़ना चाहिए।

मुझे लगता है कि शाशी थरूर की बात सुनकर हमारी पार्टी के अन्य नेताओं पर भी ध्यान देने की जरूरत है। उन्होंने कहा है कि राष्ट्रीय हित सर्वोपरि हैं, और इसके लिए हमें एकजुट होकर लड़ना चाहिए। मुझे उम्मीद है कि उनके बयान से हमारी पार्टी में भी एकजुटता बढ़ेगी।

मैंने शाशी थरूर को बहुत पसंद किया है, और अब भी ऐसा ही करता हूँ। उनकी बातों में सच्चाई और सादगी होती है, जो हमारे देश के लिए सबसे अच्छी है। 🤝💪
 
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