जम्मू के डोडा में रहने वाली अनीता राज ने जेल से भागने के बाद अपने परिवार को दोनों आंखें खो गईं। उनकी बहन सोनाली ने बताया कि 13वें जुलाई, 2016 को जम्मू से भागने के बाद अनीता को अस्पताल में ले जाना पड़ा था।
उन्होंने कहा, 'बहुत दर्द हुआ। इसके बाद उनकी दोनों आंखें खो गईं। जब उन्हें पता चला कि उनकी बहन सोनाली फंस गई, तो वे बहुत परेशान हुए।
उन्होंने बताया, 'सोनाली ने हमारी दादी से कहा था कि अगर मैं कभी भी सिकंदरपुर की ओर खींचती हूं, तो सिर्फ मुझ पर ध्यान दिया जाएगा। लेकिन फिर भी उनकी सावधानी नहीं थी।'
उन्होंने बताया, 'अगर वह अपनी सावधानी बरतती, तो हमें कभी यह पता न लगेगा कि वो कहां है।'
उन्होंने कहा, 'हमारी बहन भी एक साल तक जेल में रही।'
उन्होंने बताया, 'सोनाली 2015 में जम्मू-कश्मीर के बागा गांव में शादी हुई थी। इसके तीन महीने बाद उन्हें निकलकर वापस आने का फैसला किया। लेकिन कुछ लोगों ने उनके फिर से आने पर रोक लगा दी।'
उन्होंने कहा, 'हमारी बहन को पता था कि वे मिलेंगे। यहां तक की खुफिया भी नहीं थी। लेकिन कुछ लोग उनकी बात सुन लिया।
उन्होंने बताया, 'फिर उन्हें तीन पुलिसवालों ने ही पकड़ा। लेकिन फिर भी उन्हें जेल में खींचा गया।'
उन्होंने कहा, 'बहुत दर्द हुआ। इसके बाद उनकी दोनों आंखें खो गईं। जब उन्हें पता चला कि उनकी बहन सोनाली फंस गई, तो वे बहुत परेशान हुए।
उन्होंने बताया, 'सोनाली ने हमारी दादी से कहा था कि अगर मैं कभी भी सिकंदरपुर की ओर खींचती हूं, तो सिर्फ मुझ पर ध्यान दिया जाएगा। लेकिन फिर भी उनकी सावधानी नहीं थी।'
उन्होंने बताया, 'अगर वह अपनी सावधानी बरतती, तो हमें कभी यह पता न लगेगा कि वो कहां है।'
उन्होंने कहा, 'हमारी बहन भी एक साल तक जेल में रही।'
उन्होंने बताया, 'सोनाली 2015 में जम्मू-कश्मीर के बागा गांव में शादी हुई थी। इसके तीन महीने बाद उन्हें निकलकर वापस आने का फैसला किया। लेकिन कुछ लोगों ने उनके फिर से आने पर रोक लगा दी।'
उन्होंने कहा, 'हमारी बहन को पता था कि वे मिलेंगे। यहां तक की खुफिया भी नहीं थी। लेकिन कुछ लोग उनकी बात सुन लिया।
उन्होंने बताया, 'फिर उन्हें तीन पुलिसवालों ने ही पकड़ा। लेकिन फिर भी उन्हें जेल में खींचा गया।'