उत्तर भारत में 29 जनवरी 2026 की सुबह, यहाँ तक कि पहाड़ों पर भी ठंड का असर दिखाई देने लगा है। शीत ऋतु के चरम के दौरान पूरे उत्तर भारत में तापमान नीचे की ओर बढ़ रहा है, जिससे सभी राज्यों में ठंड का असर देखने को मिलेगा। यहाँ तक कि उत्तर प्रदेश की राजधानी, लखनऊ, में भी तापमान 4-6 डिग्री सेल्सियस तक गिर सकता है, जिससे जनजीवन पर शीतलहर का प्रभाव पड़ेगा।
पश्चिमी और मध्य यूपी में, सुबह-शाम घना कोहरा छाया रहता है, जिससे राज्य का विकास धीमा होता जा रहा है। इस दौरान न्यूनतम तापमान कई बार 4-6 डिग्री सेल्सियस तक पहुँच सकता है, जिससे शीतलहर का असर दिखाई देता है।
उत्तराखंड में जनवरी का मौसम ऊँचाई के अनुसार अलग-अलग होता है। मैदानी क्षेत्रों में, ठंड रहती है, लेकिन पहाड़ी इलाकों में भारी बर्फबारी होती है और तापमान शून्य से नीचे चला जाता है।
हिमाचल प्रदेश में जनवरी सबसे ठंडा महीना माना जाता है, जहाँ लगातार हिमपात होता है। पर्यटन बढ़ता है, लेकिन यातायात प्रभावित हो सकता है।
पंजाब और हरियाणा की काफ़ी ठंड की स्थिति है, जिसमें तापमान कई बार 2-3 डिग्री सेल्सियस तक गिर सकता है। इसमें खड़ी फसलों पर मौसम का सीधा असर पड़ता है।
राजस्थान में, पश्चिमी राज्य में रातें बहुत ठंडी होती हैं, जबकि दिन अपेक्षाकृत सुहावने रहते हैं।
जम्मू-कश्मीर में जनवरी अत्यंत ठंडा महीना है, जहाँ कश्मीर घाटी में भारी बर्फबारी होती है और डल झील पर बर्फ जमने लगती है।
दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में, ठंड के साथ घना कोहरा छाया रहता है, जिससे यातायात प्रभावित होता है और वायु गुणवत्ता पर भी चिंता का विषय बन जाती है।
पश्चिमी और मध्य यूपी में, सुबह-शाम घना कोहरा छाया रहता है, जिससे राज्य का विकास धीमा होता जा रहा है। इस दौरान न्यूनतम तापमान कई बार 4-6 डिग्री सेल्सियस तक पहुँच सकता है, जिससे शीतलहर का असर दिखाई देता है।
उत्तराखंड में जनवरी का मौसम ऊँचाई के अनुसार अलग-अलग होता है। मैदानी क्षेत्रों में, ठंड रहती है, लेकिन पहाड़ी इलाकों में भारी बर्फबारी होती है और तापमान शून्य से नीचे चला जाता है।
हिमाचल प्रदेश में जनवरी सबसे ठंडा महीना माना जाता है, जहाँ लगातार हिमपात होता है। पर्यटन बढ़ता है, लेकिन यातायात प्रभावित हो सकता है।
पंजाब और हरियाणा की काफ़ी ठंड की स्थिति है, जिसमें तापमान कई बार 2-3 डिग्री सेल्सियस तक गिर सकता है। इसमें खड़ी फसलों पर मौसम का सीधा असर पड़ता है।
राजस्थान में, पश्चिमी राज्य में रातें बहुत ठंडी होती हैं, जबकि दिन अपेक्षाकृत सुहावने रहते हैं।
जम्मू-कश्मीर में जनवरी अत्यंत ठंडा महीना है, जहाँ कश्मीर घाटी में भारी बर्फबारी होती है और डल झील पर बर्फ जमने लगती है।
दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में, ठंड के साथ घना कोहरा छाया रहता है, जिससे यातायात प्रभावित होता है और वायु गुणवत्ता पर भी चिंता का विषय बन जाती है।