देखो, यह घटनाएं तो लगातार हो रही हैं... पहले पुणे था, अब दिल्ली-पुणे फ्लाइट भी... इंडिगो की बंदूकों से कोई फर्क नहीं पड़ता कि कौनसा हवाई अड्डा तय करेगा। मुझे लगता है कि सरकार की जांच करने वाली एजेंसियों को काम करने देने की जरूरत है। 200 करोड़ रुपये का नुकसान! यह सिर्फ इसलिए नहीं हुआ, क्योंकि हवाई अड्डों पर बम धमकी मिली, बल्कि भ्रष्टाचार और अनियमितताओं की वजह से।