चिल ब्लेन से बचने का सबसे अच्छा तरीका है कि शुरुआत में ही इसे होने से रोक दिया जाए। इसके लिए ठंड में कुछ सरल लेकिन बहुत प्रभावी सावधानियां अपनानी जरूरी हैं। ग्राफिक से समझते हैं-
ग्राफिक से समझते हैं-
प्रभावित हिस्सों को गर्म रखें।
गर्म दस्ताने और मोजे पहनें। साथ ही परतों वाले कपड़े पहनें।
ब्लैंकेट या लो सेटिंग हीटिंग पैड से हल्की गर्माहट दें।
प्रभावित हिस्सों को डायरेक्ट हीट (बहुत गर्म पानी या हाई हीटिंग पैड) देने से बचें।
हल्की मालिश भी मददगार होती है, क्योंकि इससे ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है और असहजता कम होती है। लेकिन ध्यान रहे, अगर त्वचा फटी हो, फफोले हों या छूने पर ज्यादा दर्द हो रहा हो, तो मालिश न करें, वरना संक्रमण या और चोट लग सकती है।
नियमित रूप से मॉइस्चराइजर लगाने से खुजली, सूखापन और स्किन क्रैकिंग कम होती है। बेहतर है कि हल्के, खुशबू-रहित मॉइस्चराइजर का इस्तेमाल करें, ताकि त्वचा में जलन न हो। इससे खुजली, ड्राईनेस और क्रैकिंग कम होती है।
प्रभावित हिस्सों को न खुजलाएं। इससे संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है, जो आगे चलकर अल्सर या दाग भी बना सकता है।
कुछ प्राकृतिक उपाय जैसे एलोवेरा जेल, कैलेंडुला क्रीम या ओटमील सोक भी खुजली और जलन में आराम दे सकते हैं, लेकिन इन्हें सिर्फ स्वस्थ, बिना फटी त्वचा पर ही लगाएं। अगर किसी तरह की जलन महसूस हो तो तुरंत इस्तेमाल बंद कर दें।
ग्राफिक से समझते हैं-
प्रभावित हिस्सों को गर्म रखें।
गर्म दस्ताने और मोजे पहनें। साथ ही परतों वाले कपड़े पहनें।
ब्लैंकेट या लो सेटिंग हीटिंग पैड से हल्की गर्माहट दें।
प्रभावित हिस्सों को डायरेक्ट हीट (बहुत गर्म पानी या हाई हीटिंग पैड) देने से बचें।
हल्की मालिश भी मददगार होती है, क्योंकि इससे ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है और असहजता कम होती है। लेकिन ध्यान रहे, अगर त्वचा फटी हो, फफोले हों या छूने पर ज्यादा दर्द हो रहा हो, तो मालिश न करें, वरना संक्रमण या और चोट लग सकती है।
नियमित रूप से मॉइस्चराइजर लगाने से खुजली, सूखापन और स्किन क्रैकिंग कम होती है। बेहतर है कि हल्के, खुशबू-रहित मॉइस्चराइजर का इस्तेमाल करें, ताकि त्वचा में जलन न हो। इससे खुजली, ड्राईनेस और क्रैकिंग कम होती है।
प्रभावित हिस्सों को न खुजलाएं। इससे संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है, जो आगे चलकर अल्सर या दाग भी बना सकता है।
कुछ प्राकृतिक उपाय जैसे एलोवेरा जेल, कैलेंडुला क्रीम या ओटमील सोक भी खुजली और जलन में आराम दे सकते हैं, लेकिन इन्हें सिर्फ स्वस्थ, बिना फटी त्वचा पर ही लगाएं। अगर किसी तरह की जलन महसूस हो तो तुरंत इस्तेमाल बंद कर दें।