मार्क टुल्ली की पत्रकारिता ने मुझे यह सोचने पर मजबूर किया है कि हमें अपने समाज की जड़ों को समझने के लिए हमेशा खुद को नए दृष्टिकोण से पेश करना चाहिए। उनकी 30 वर्षों की यात्रा ने उन्हें वास्तविकता के बारे में एक नया दृष्टिकोण प्रदान किया, जिसमें उन्होंने भारतीय समाज और संस्कृति को समझने की कोशिश की। यह हमें सोचने पर मजबूर करता है कि हम अपने समाज में सामाजिक असमानता और राजनीतिक अस्थिरता के गहरे मुद्दों पर प्रकाश डालने के लिए हमेशा तैयार रहना चाहिए।