भारतीय रेलवे ने टिकट बुकिंग सिस्टम में एक बड़ा बदलाव लाया है जिसमें संदिग्ध यूज़र आईडी को डीएक्टिवेट कर दिया गया है। अब 3.02 करोड़ यूज़र्स के खिलाफ टिकट बुकिंग पर रोक लगाने की संभावना है। यह बदलाव साइबर सुरक्षा उपायों के तहत लागू किए गए हैं, जिनमें फर्जी बुकिंग, जालसाजी और बॉट्स को रोकने की बड़ी धांधली को समाप्त करना शामिल है।
रेलवे ने अपने टिकट बुकिंग सिस्टम में पारदर्शिता और सुरक्षा बढ़ाने के लिए यह बड़ा कदम उठाया है। इससे अब टिकट बुकिंग पर होने वाली फर्जी गतिविधियों को रोकने में मदद मिलेगी। इस बदलाव से लोगों को टिकट बुकिंग के दौरान चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है, लेकिन इससे सुरक्षित और विश्वसनीय टिकट बुकिंग की सुविधा मिलेगी।
रेलवे ने अपने टिकट बुकिंग सिस्टम में पारदर्शिता और सुरक्षा बढ़ाने के लिए यह बड़ा कदम उठाया है। इससे अब टिकट बुकिंग पर होने वाली फर्जी गतिविधियों को रोकने में मदद मिलेगी। इस बदलाव से लोगों को टिकट बुकिंग के दौरान चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है, लेकिन इससे सुरक्षित और विश्वसनीय टिकट बुकिंग की सुविधा मिलेगी।