मुझे इस बयान पर लगातार असहमति है
। अगर ऐसा कहा गया है तो हमें डरने की ज़रूरत नहीं है, बस यह सुनिश्चित करना होता है कि हमारे अधिकारों और स्वतंत्रता का सम्मान हो। पुलिस अधिकारियों को भ्रष्टाचार से लड़ना चाहिए, न कि नागरिकों को डराना
। अगर हम इस तरह की बयानबाजी से रोकें तो हमारे लोकतंत्र की भावना खत्म हो जाएगी।